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Kashyap Samaj Ashram Haridwar Celebrates 33rd Annual Foundation Day

करोना नियमों को ध्यान में रखते हुए कश्यप समाज आश्रम हरिद्वार ने मनाया अपना 33वां स्थापना दिवस

ज्योति प्रज्जवलित करते हुए संस्था के सदस्य

ज्योति प्रज्जवलित करते हुए समाज की नारी शक्ति

हरिद्वार, 2-10-2021 (गुरिन्द्र कश्यप) – इतिहास की धरती, मां गंगा की नगरी हरिद्वार में कश्यप समाज की धर्मशाला श्री कश्यप समाज आश्रम हरिद्वार का 33वां वार्षिक स्थापना करोना नियमों को ध्यान में रखते हुए बहुत ही सादे ढंग में मनाया गया। देश में चल रही करोना महामारी को ध्यान में रखते हुए प्रबंधकीय टीम ने एक छोटा सा कार्यक्रम करवाते हुए अपना 33वां स्थापना दिवस मनाया। इस अवसर पर सबसे पहले हवन यज्ञ किया गया। इसके बाद कार्यक्रम शुरु करते हुए संस्था के प्रधान श्री बुध सिंह ने आए हुए सभी अतिथियों का मंच से स्वागत किया। संस्था के संरक्षकों और सदस्यों ने मिल कर ज्योति प्रज्जवलित करते हुए महर्षि कश्यप को प्रणाम करने के उपरंत सम्मेलन शुरु किया। मंच संचालन संस्था के महामंत्री चरण सिंह और उपाध्यक्ष शिव कुमार ने किया। कार्यकारिणी सदस्यों ने सम्मेलन में आए हुए संरक्षक मंडल और विशेष अतिथियों को फूलों की माला पहना कर उनका स्वागत किया।
इस दौरान आए हुए मेहमानों ने अपने विचार प्रस्तुत किए। उत्तर प्रदेश सरकार के पूर्व मंत्री और वरिष्ठ संरक्षक माननीय श्री किरणपाल कश्यप ने धर्मशाला का इतिहास बताते हुए कहा कि यहां की कार्यकारिणी टीम ने पूरे देश में कश्यप समाज के साथियों से मिलकर उनका सहयोग लिया और हरिद्वार में कश्यप समाज की धर्मशाला का निर्माण करवाया। आज यह धर्मशाला हमारे कश्यप समाज की शान है। संस्था के वरिष्ठ संरक्षक नत्थू सिंह कश्यप ने कहा कि यह संस्था समाज के सभी साथियों की आभारी है जिन्होंने इस धर्मशाला को बनाने के लिए अपना सहयोग दिया है। आज कोई जितने चाहे पैसे दे सकता है लेकिन जब शुरुआत की थी उस समय जिन्होंने यथाशक्ति सहयोग दिया वह बहुत बड़ी बात है। इसके अतिरिक्त कीमती लाल कश्यप, बजरंग लाल मेहरा जयपुर, बाबू राम कश्यप, महावीर कश्यप, महेश कश्यप, राम सिंह कश्यप, देवराज कश्यप आदि ने अपने विचार पेश किए। कश्यप क्रांति के प्रमुख नरेन्द्र कश्यप ने संस्था की कार्यकारिणी को बधाई देते हुए कहा कि अब समय है कि हमें अपना इतिहास अपने आने वाली पीढिय़ों को लिए लिख कर जाना है ताकि उनको पता रहे कि उनके बजुर्गों ने क्या क्या और कैसे संघर्ष से इस धर्मशाला का निर्माण करवाया था। उन्होंने कहा कि कश्यप समाज की वैबसाइट www.kashyaprajput.com पर हर संस्था और समाज के प्रत्येक परिवार का इतिहास लिखने का काम चल रहा है और इसको समाज का बहुत सहयोग मिल रहा है। संस्था के कैशियर आनन्द कश्यप ने पिछले दो साल का संस्था का अकाउंट पेश किया और बताया कि करोना के कारण संस्था को बहुत नुक्सान हुआ है और संस्था घाटे में चल रही है।
पिछले साल 2020 में करोना के कारण भी कार्यक्रम को संरक्षक मंडल और कार्यकारिणी सदस्यों के साथ बहुत सादे ढंग से करवाया गया था और इस साल भी कार्यक्रम छोटा ही करवाया गया। उम्मीद है कि अगले साल एक बार फिर बड़ा कार्यक्रम होगा और इसमें देश के सभी हिस्सों से कश्यप समाज के साथी शामिल होंगे। अगले साल होने वाले कार्यक्रम में समाज के होनाहार छात्र जो 2020 और 2021 में अपनी कक्षा में प्रथम श्रेणी में उतीर्ण हुऐ हैं उनको सम्मानित किया जाएगा । आखिर में प्रधान बुध सिंह ने आए हुए सभी मेहमानों का धन्यवाद किया। इसके बाद संस्था की तरफ से लगाए गए स्वादिष्ट भंडारे का सभी ने आनंद लिया।
आज के कार्यक्रम में मूलंद कश्यप, इंजी. सतपाल कश्यप, सुनील कश्यप, राजवीर कश्यप, ऋर्षिपाल कश्यप, सुशील कश्यप, जोगिन्द्रपाल कश्यप, रवि कश्यप, विनोद कश्यप, नाग कश्यप, श्रीमति शोभना कश्यप, कश्यप क्रांति केे मुख्य संपादक श्रीमति मीनाक्षी कश्यप के साथ बहुत ही महिलाएं और बच्चे भी शामिल हुए।

मंच पर उपस्थित संस्था के संरक्षक और विशेष मेहमान

सम्मेलन में शामिल कश्यप समाज के साथी

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